Featured post

India first to import Japan's iconic bullet-train technology after Taiwan

New Delhi/Ahmedabad: Prime Minister Narendra Modi and his Japanese counterpart Shinzo Abe on Thursday launched the country's first bull...

Tuesday, 25 July 2017

आडवाणी से अलग अंदाज में मिले कोविंद, शपथ के बाद लगे 'जयश्री राम' के नारे

नई दिल्ली. रामनाथ कोविंद ने मंगलवार को राष्ट्रपति पद की शपथ ली। उन्हें चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया जस्टिस जेएस खेहर ने पार्लियामेंट के सेंट्रल हॉल में शपथ दिलाई। कोविंद ने स्पीच दी, जिसके बाद जयश्री राम के नारे भी लगे। 14वें राष्ट्रपति कोविंद ने अपनी पहली स्पीच में बताया कि राष्ट्र निर्माता कौन कहलाता है। उन्होंने 8 नेताओं- महात्मा गांधी, डॉ. राजेंद्र प्रसाद, डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन, सरदार पटेल, भीमराव अंबेडकर, दीनदयाल उपाध्याय, एपीजे अब्दुल कलाम और प्रणब मुखर्जी का नाम लिया। वहीं, लालकृष्ण आडवाणी का झुककर अभिवादन किया। 125 करोड़ भारतीयों के भरोसे पर खरा उतरने की कोशिश करूंगा...

गांधी ने रास्ता दिखाया, पटेल ने एकीकरण किया
- कोविंद ने कहा, "महात्मा गांधीजी ने हमें मार्ग दिखाया। सरदार पटेल ने हमारे देश का एकीकरण किया। बाबा साहब भीमराव अंबेडकर ने हम सभी में मानवीय गरिमा और गणतांत्रिक मूल्यों का संचार किया। वे राजनीतिक स्वतंत्रता से संतुष्ट नहीं थे। वे करोड़ों लोगों की आर्थिक स्वतंत्रता का लक्ष्य चाहते थे।"

कांग्रेस को एतराज
- राज्यसभा में विपक्ष के नेता गुलाम नबी आजाद ने कहा कि राष्ट्रपति ने जवाहरलाल नेहरू के मंत्रियों के नाम लिए लेकिन एक बार भी पहले प्रधानमंत्री का नाम नहीं लिया। ये अफसोस की बात है। वे (कोविंद) अब बीजेपी के कैंडिडेट नहीं हैं।
- इस पर केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि पंडित नेहरू बड़े नेता थे, लेकिन सभी भाषणों में उनका जिक्र किए जाने की जबर्दस्ती कर क्या कांग्रेस नेहरू की पर्सनैलिटी की अहमियत को कम नहीं कर रही?

Source:-Bhaskar

View more about our services:-hyper-v server management solution

No comments:

Post a Comment